शेफ केशव नेगी की गिरफ्तारी पर बोले प्रदेश के नेता

देहरादूनः दिल्ली के मालवीय नगर स्थित ’फ्लोरिश स्टेज़ होटल’ में अग्निकांड मामले में उत्तराखंड निवासी और शेफ केशव नेगी की गिरफ्तारी का मामला गरमा गया है। सोशल मीडिया पर गिरफ्तारी के खिलाफ उठ रहे सुरों के बाद उत्तराखंड के आला नेताओं ने संज्ञान लिया है। उन्होंने मामले की निष्पक्ष जांच की मांग उठाई है।
सांसद अनिल बलूनी ने की पुलिस कमिश्नर से बात
लोकसभा सांसद अनिल बलूनी ने इस मामले में सीधे हस्तक्षेप करते हुए दिल्ली पुलिस कमिश्नर से बातचीत की। उन्होंने पूरे घटनाक्रम की निष्पक्ष जांच और न्याय सुनिश्चित करने की मांग की। कहा, किसी भी नागरिक के साथ अन्याय नहीं होना चाहिए और जांच पूरी पारदर्शिता के साथ आगे बढ़नी चाहिए। केशव नेगी गढ़वाल क्षेत्र के निवासी हैं और मैं इस पूरे मामले पर लगातार नजर बनाए हुए हूं। उन्होंने केशव नेगी और उनके पीड़ित परिवार को हरसंभव कानूनी सहायता उपलब्ध कराने का भी भरोसा दिलाया है।
शेफ बलि का बकरा क्यों: हरीश रावत
पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने दिल्ली पुलिस की कार्यप्रणाली पर सवाल उठाए हैं। उन्होंने सोशल मीडिया पोस्ट में लिखा, आग लगने की घटना में जिम्मेदारी होटल के मालिक, प्रबंधन और वास्तविक कर्ता-धर्ताओं पर तय होनी चाहिए थी, न कि एक छोटे से शेफ पर। आप एक छोटे से शेफ को दोषी बना रहे हैं, कल को क्या किसी टेबल बॉय या अन्य कर्मचारी को भी दोषी ठहरा देंगे? न्याय का तकाज़ा है कि जिम्मेदारी वहीं तय हो, जहां वास्तविक जवाबदेही बनती है। इस घटना में शेफ को दोषी बनाकर बड़े लोगों को बचाने की साजिश है, जिससे दिल्ली पुलिस पर गंभीर सवाल उठ रहे हैं! उन्होंने यह भी कहा कि यह मुद्दा केवल उत्तराखंड के युवक का नहीं बल्कि न्याय का है। अगर यह व्यक्ति झारखंड या किसी अन्य राज्य का भी होता, तब भी वे एक निर्दोष को फंसाए जाने और सुरक्षा व्यवस्था न करने वाले असली अपराधियों को छोड़े जाने के खिलाफ ऐसे ही खड़े होते।
सारा उत्तराखंड नेगी के साथः त्रिवेंद्र सिंह रावत
पूर्व सीएम और हरिद्वार लोकसभा सांसद त्रिवेंद्र सिंह रावत ने भी केशव नेगी मामले का संज्ञान लिया है। उन्होंने कहा कि देवभूमि उत्तराखंड के लाल केशव नेगी को न्याय दिलाने के लिए वे कंधे से कंधा मिलाकर उनके साथ खड़े हैं। विश्वास जताया कि सारा उत्तराखंड इस लड़ाई में नेगी जी के साथ है और उन्हें अवश्य न्याय मिलेगा।



