यात्रा-पर्यटन

चारधाम यात्राः श्रद्धालुओं को क्लाइमेटाइजेशन की सलाह

देहरादून। उत्तराखंड के पर्यटन मंत्री सतपाल महाराज ने श्रद्धालुओं को सुरक्षित यात्रा के लिए क्लाइमेटाइजेशन (ऊंचाई के अनुरूप शरीर को ढालने) पर विशेष जोर दिया है। कहा कि जल्दबाजी में यात्रा करने से स्वास्थ्य पर प्रतिकूल प्रभाव पड़ सकता है।

महाराज ने बताया कि गंगोत्री, यमुनोत्री और केदारनाथ के कपाट खुल गए हैं, गुरुवार को बदरीनाथ के कपाट खुलने के साथ चारधाम यात्रा विधिवत शुरू हो जाएगी। कहस कि यात्रियों की सुविधा के लिए राज्य सरकार ने ऑनलाइन और ऑफलाइन दोनों माध्यमों से रजिस्ट्रेशन की व्यवस्था की है। ऑफलाइन रजिस्ट्रेशन के लिए ऋषिकेश में 30, हरिद्वार में 20 और विकासनगर में 20 काउंटर खोले गए हैं। रजिस्ट्रेशन स्थलों पर ठहरने, पेयजल, शौचालय और चिकित्सा सुविधाओं भी उपलब्ध है।

महाराज ने कहा कि सीएम पुष्कर सिंह धामी के निर्देश पर यात्रा मार्गों को दुरुस्त किया गया है। यात्रा वाहनों के ट्रिप कार्ड में यात्रियों, चालक, टूर ऑपरेटर एवं वाहन मालिक की पूरी जानकारी दर्ज करना अनिवार्य किया गया है। जिससे यात्रा और अधिक सुरक्षित बन सके।

महाराज ने श्रद्धालुओं से अपील की कि वे यात्रा के दौरान धीरे-धीरे ऊंचाई की ओर बढ़ें और हर 2-3 हजार फीट पर एक दिन विश्राम अवश्य करें, ताकि शरीर ऑक्सीजन स्तर के अनुरूप ढल सके। चेताया कि 10 से 12 हजार फीट की ऊंचाई पर सीधे पहुंचने से एक्यूट माउंटेन सिकनेस के कारण सिरदर्द, उल्टी और सांस फूलने जैसी समस्याएं हो सकती हैं।

उन्होंने यात्रियों को उत्तराखंड के पारंपरिक हल्के और सुपाच्य भोजन मंडुवे की रोटी, गहत की दाल, फाणू और पहाड़ी सब्जियों का आनंद लेने की सलाह दी। साथ ही, यात्रा के दौरान क्यूआर कोड युक्त रजिस्ट्रेशन और आधार कार्ड साथ रखने को भी जरूरी बताया है।

Related Articles

Leave a Reply

Your email address will not be published. Required fields are marked *

Back to top button