
देहरादून, 31 अगस्त। उत्तराखंड के युवाओं को वैश्विक स्तर पर रोजगार के बेहतर अवसर उपलब्ध कराने के लिए राज्य सरकार अब विदेशों में कुशल मानव संसाधन की मांग के अनुरूप कौशल और भाषा प्रशिक्षण पर फोकस करेगी।
मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने सोमवार को मुख्यमंत्री आवास में जमैका में भारत के उच्चायुक्त मयंक जोशी, इथियोपिया में भारत के राजदूत देवेश उत्तम और जाम्बिया में भारत के उच्चायुक्त आलोक रंजन झा से मुलाकात के दौरान अधिकारियों को इस दिशा में प्रभावी कार्ययोजना तैयार करने के निर्देश दिए।
मुख्यमंत्री ने कहा कि संबंधित देशों में रोजगार की संभावनाओं और आवश्यक कुशल मानव संसाधन की जानकारी जुटाने के लिए भारतीय मिशनों के साथ नियमित समन्वय किया जाए। युवाओं को संबंधित क्षेत्रों की जरूरत के अनुसार कौशल के साथ भाषा प्रशिक्षण भी दिया जाए।
उन्होंने कहा कि उत्तराखंड के होम स्टे मॉडल को विदेशों से आने वाले प्रतिनिधिमंडलों के समक्ष प्रस्तुत किया जा सकता है। फार्मा, उद्योग, आयुर्वेद और वेलनेस के क्षेत्र में भी राज्य की क्षमताओं को अंतरराष्ट्रीय स्तर पर बढ़ावा देने की जरूरत है।
जाम्बिया के उच्चायुक्त आलोक रंजन झा ने वहां शिक्षा और कृषि क्षेत्र में रोजगार की संभावनाएं बताते हुए कुशल मानव संसाधन की जरूरत की जानकारी साझा की। जमैका के उच्चायुक्त मयंक जोशी ने पर्यटन, स्वास्थ्य सेवा और कृषि के साथ नर्सिंग क्षेत्र में मांग बताई। वहीं, इथियोपिया के राजदूत देवेश उत्तम ने प्रबंधन, लॉजिस्टिक्स, फार्मास्युटिकल और फ्लोरीकल्चर में अवसरों की जानकारी दी।
इस अवसर पर प्रमुख सचिव आर.के. सुधांशु और सचिव विनय शंकर पांडेय भी मौजूद रहे।



