हरदा बोले, मेरे पूरे कार्यकाल की कराएं जांच

देहरादून, 16 सितम्बर। पूर्व मुख्यमंत्री हरीश रावत ने ईडी प्रकरण को लेकर कहा कि कांग्रेस या किसी को भी बचाव की मुद्रा में आने की आवश्यकता नहीं है। उन्होंने कहा कि वह जांच एजेंसियों को खुद आमंत्रित कर रहे हैं कि उनके तीन साल के कार्यकाल में हुई सभी नियुक्तियों समेत अन्य मामलों की जांच कराई जाए।
सोशल मीडिया पर लिखे पोस्ट में रावत ने कहा कि उनके कार्यकाल में 42 हजार से अधिक पदों पर नियुक्तियां हुई हैं। जिन नियुक्तियों तक पहुंचने में कई सरकारों और मुख्यमंत्रियों को वर्षों लग गए, उनकी जांच कराने से उन्हें कोई आपत्ति नहीं है। उन्होंने आपदा के दौरान हुए पुनर्निर्माण और पुनर्वास कार्यों की भी जांच कराने की मांग की।
उन्होंने कहा कि सरकार बचाने या गिराने से जुड़े स्टिंग की भी जांच की जानी चाहिए। इसके लिए केंद्रीय जांच एजेंसियों का संयुक्त कमीशन गठित कर उनके कार्यकाल की जांच कराई जा सकती है।
रावत ने कहा कि किसी पर कोई दबाव न हो और किसी को उनके बचाव में न आना पड़े, इसलिए उन्होंने अपने पास मौजूद दायित्वों से त्यागपत्र देने की बात कही है। वह सामान्य नागरिक के रूप में इस स्थिति का सामना करना चाहते हैं।
उन्होंने कहा कि उनके कार्यकाल में अधीनस्थ सेवा चयन आयोग के माध्यम से हुई नियुक्तियों समेत सभी मामलों की निष्पक्ष जांच होनी चाहिए। उन्होंने अपने मामले में बचाव के बजाय जांच की मांग को आगे बढ़ाने की अपील की।



