Munikireti: मंगलेश और प्रीतम के गीतों ने बांधा समां
क्रेजी मेले में कबड्डी, वेशभूषा प्रतियोगिताएं और काव्य गोष्ठी आयोजित

ऋषिकेश। क्रेजी पर्यटन एवं विकास मेला 2026 के पांचवें और छठे दिन सांस्कृतिक कार्यक्रमों की छटा देखने को मिली। प्रसिद्ध लोकगायक मंगलेश डंगवाल और जागर सम्राट प्रीतम भरतवाण की प्रस्तुतियों ने दर्शकों को देर रात तक झूमने पर मजबूर कर दिया।
मेले के पांचवें दिन स्व. रमेश चन्द्र डिमरी की स्मृति ओपन कबड्डी प्रतियोगिता का पालिकाध्यक्ष नीलम बिजल्वाण ने शुभारंभ किया। इसके बाद आयोजित काव्य गोष्ठी में साहित्यकार अशोक क्रेजी और वीरेंद्र सेमवाल ने समसामयिक विषयों पर अपनी रचनाओं का पाठ किया।
इस दिन सांस्कृतिक संध्या में गायक मंगलेश डंगवाल ने छिलकू जगे के, माया बांद, तुरड़ी तुरा तुर, और मेरी छौंदाड़ी जैसे कई लोकप्रिय गीतों की प्रस्तुति देकर माहौल को थिरकने वाला बना दिया।
मेले के छठे दिन मांगल गीत और पारंपरिक वेशभूषा प्रतियोगिता में महिलाओं ने बढ़-चढ़कर भाग लिया। शाम के सांस्कृतिक कार्यक्रम में जागर सम्राट प्रीतम भरतवाण ने किमसारी हाट मा, कैमरा, मोरी रख्या खोली और घंटाकर्ण स्तुति आदि प्रस्तुतियों से समां बांधा।
मौके पर समाजसेवी हिमांशु बिजल्वाण, पूर्व पालिकाध्यक्ष शिवमूर्ति कंडवाल, रामावल्लभ भट्ट, सुरेंद्र भंडारी, दिनेश व्यास, विनोद खंडूड़ी, ब्रिजेश गिरी, लक्ष्मण भंडारी, गजेंद्र सजवाण, स्वाति पोखरियाल, विनोद सकलानी, मनीष डिमरी, धर्मेंद्र नेगी, भगवती प्रसाद रतूड़ी, शंकर नौटियाल, दिवसपति बिजल्वाण आदि मौजूद रहे।



