Pauri: डीएम स्वाति भदौरिया ने राजस्व वसूली पर दिया जोर
गैस वितरण, अतिक्रमण और एसआईआर पर भी दिए निर्देश

पौड़ी। कलेक्ट्रेट सभागार में जिलाधिकारी स्वाति एस. भदौरिया ने राजस्व संवर्धन और प्रशासनिक व्यवस्थाओं की समीक्षा की। स्पष्ट किया कि राजस्व प्राप्ति में शिथिलता स्वीकार्य नहीं होगी। सभी विभाग लक्ष्य के अनुरूप वसूली सुनिश्चित करें।
मासिक स्टाफ बैठक में जिलाधिकारी ने एसडीएम और तहसीलदारों को राजस्व वसूली में तेजी लाने के साथ लंबित राजस्व वादों का प्राथमिकता से निस्तारण करने के निर्देश दिए। उन्होंने तहसीलदार न्यायालयों के नियमित निरीक्षण और वादों के समयबद्ध निपटान पर विशेष जोर दिया।
डीएम द्वारा जनहित के मामलों को निर्धारित समय में निपटाने के निर्देश दिए गए। स्थायी निवास, जाति और ईडब्ल्यूएस प्रमाण पत्रों का रेंडम सत्यापन कर त्रुटियों पर कार्रवाई सुनिश्चित करने को कहा गया। साथ ही अतिरिक्त प्रभार वाले अधिकारी सप्ताह में एक दिन तहसीलों में बैठकर जनसमस्याओं का समाधान करेंगे।
डिजिटल इंडिया लैंड रिकॉर्ड आधुनिकीकरण कार्यक्रम के तहत 41 राजस्व न्यायालयों को कंप्यूटर, प्रिंटर व यूपीएस उपलब्ध कराए गए हैं। 268 फील्ड कार्मिकों को लैपटॉप देने की प्रक्रिया जारी है। डीएम ने ई-ऑफिस प्रणाली को अनिवार्य करते हुए सभी पत्राचार डिजिटल माध्यम से करने के निर्देश दिए।
दैवीय आपदा से क्षतिग्रस्त 63 राजस्व चौकियों की मरम्मत के लिए 3.25 करोड़ रुपये स्वीकृत किए गए हैं। निर्माण कार्यों को 30 अप्रैल तक पूरा करने के निर्देश दिए गए। चौबट्टाखाल, लैंसडाउन और धुमाकोट में आपदा उपकरण उपलब्ध कराने को भी कहा गया।
वहीं, खनन, परिवहन, विद्युत और राज्य कर विभागों को वसूली में तेजी लाने के निर्देश भी दिए गए। पर्यटन विभाग को बकाया किराया जमा न करने वालों के खिलाफ कार्रवाई और आवश्यक होने पर टेंडर निरस्त करने को कहा गया।
जिलाधिकारी भदौरिया ने अतिक्रमण हटाने, दाखिल-खारिज, चरित्र सत्यापन और शिकायतों के त्वरित निस्तारण पर भी जोर दिया। गैस वितरण व्यवस्था को सुव्यवस्थित करने, बिलों के समयबद्ध भुगतान और सीसीटीवी निगरानी बढ़ाने के निर्देश भी दिए।
बैठक में संयुक्त मजिस्ट्रेट दीक्षिता जोशी, एसडीएम नूपुर वर्मा, चतर सिंह चौहान, संदीप कुमार, शालिनी मौर्य, श्रेष्ठ गुनसोला, कृष्णा त्रिपाठी, उप निर्वाचन अधिकारी शांति लाल शाह, जिला पूर्ति अधिकारी अरुण कुमार वर्मा, आबकारी अधिकारी तपन पांडेय, पर्यटन अधिकारी खुशाल सिंह नेगी, खनन अधिकारी अंकित मुयाल, आरटीओ द्वारिका प्रसाद, उपप्रभागीय वनाधिकारी आयशा बिष्ट, आपदा प्रबंधन अधिकारी दीपेश काला आदि अधिकारी मौजूद रहे।



