नरेंद्रनगरः सुहागिन महिलाओं ने पिरोया तिलों का तेल
बदरीनाथ मंदिर में महाभिषेक में प्रयुक्त किया जाता है यह तेल

नरेंद्रनगर/ऋषिकेश। बदीनाथ धाम में भगवान बदरी विशाल के महाभिषेक के लिए नरेंद्रनगर राजमहल में सुहागिन महिलाओं ने तिलों का तेल पिरोया। जिसके बाद महाराजा मनुजयेंद्र शाह ने डिमरी धार्मिक पंचायत को गाडू घड़ा (तेल कलश) सौंप कर यात्रा को रवाना किया।
मंगलवार को राजदरबार में महारानी माला राज्यलक्ष्मी शाह समेत सुहागिन महिलाओं ने तिल पिरोकर तेल को गाडू घड़ा (तेल कलश) में एकत्र किया। इस तेल से कपाट खुलने के दिन भगवान बदरीविशाल का महाअभिषेक किया जाएगा।
बदरीनाथ केदारनाथ मंदिर समिति के मीडिया प्रभारी डॉ. हरीश गौड़ ने बताया कि तेल कलश यात्रा आज रात्रि विश्राम ऋषिकेश स्थित चेला चेतराम धर्मशाला में प्रवास करेगी। बुधवार सुबह श्रद्धालु धर्मशाला में तेल कलश के दर्शन कर सकेंगे। इसके बाद यात्रा मुनिकीरेती स्थित शत्रुघ्न मंदिर के लिए प्रस्थान करेगी, जहां से 9 अप्रैल को श्रीनगर गढ़वाल के लिए प्रस्थान होगी।
उन्होंने बताया कि तेल कलश कुछ दिन डिम्मर स्थित लक्ष्मी नारायण मंदिर में रहेगा। 20 अप्रैल को यह नृसिंह मंदिर ज्योतिर्मठ और 21 अप्रैल को पांडुकेश्वर पहुंचेगा। 22 अप्रैल की शाम तक गाडू घड़ा बदरीनाथ धाम पहुंचेगा, जिसके पश्चात 23 अप्रैल को प्रातः 6 बजकर 15 मिनट पर मंदिर के कपाट श्रद्धालुओं के लिए खोल दिए जाएंगे।



