
देहरादून। मुख्यमंत्री पुष्कर सिंह धामी ने जौलीग्रांट एयरपोर्ट से देहरादून-पिथौरागढ़-देहरादून विमान सेवा का शुभारंभ किया। रामनवमी के अवसर पर शुरू 42 सीटर सेवा से अब पिथौरागढ़ और देहरादून के बीच की दूरी महज एक घंटे में तय की जा सकेगी। मुख्यमंत्री ने इसे सामरिक और विकासात्मक दृष्टि से अत्यंत महत्वपूर्ण बताया।
उन्होंने कहा कि पहले हवाई यात्रा केवल संपन्न वर्ग तक सीमित थी, लेकिन नरेंद्र मोदी के नेतृत्व में शुरू की गई उड़ान योजना ने आम नागरिकों के लिए भी हवाई यात्रा को सुलभ बनाया है। वर्ष 2016 में शुरू हुई इस योजना ने छोटे शहरों और दूरस्थ क्षेत्रों को सस्ती हवाई सेवाओं से जोड़ने में अहम भूमिका निभाई है।
मुख्यमंत्री ने बताया कि हाल ही में केंद्र सरकार ने उड़ान योजना 2.0 को मंजूरी दी है, जिसके तहत अगले 10 वर्षों में लगभग 29 हजार करोड़ रुपये खर्च कर 100 नए हवाई अड्डे और 200 हेलीपैड विकसित किए जाएंगे। इसका उद्देश्य टियर-2 और टियर-3 शहरों में हवाई कनेक्टिविटी को मजबूत करना है।
उन्होंने कहा कि उत्तराखंड जैसे पर्वतीय राज्य के लिए हवाई सेवाएं जीवन रेखा बन चुकी हैं। यह सेवाएं न केवल आवश्यक वस्तुओं की आपूर्ति बल्कि आपातकालीन चिकित्सा सेवाओं में भी महत्वपूर्ण भूमिका निभा रही हैं। वर्तमान में राज्य में उड़ान योजना के तहत 26 हवाई मार्ग संचालित हो रहे हैं।
राज्य सरकार द्वारा 2023 में शुरू की गई “उत्तराखंड एयर कनेक्टिविटी योजना” के तहत भी छह मार्गों पर नियमित उड़ानें संचालित हो रही हैं। साथ ही, हेलीपोर्ट और हेलीपैड की संख्या में भी उल्लेखनीय वृद्धि हुई है। सीएम ने कहा कि इस नई सेवा से पिथौरागढ़ की अर्थव्यवस्था को मजबूती मिलेगी और सीमांत क्षेत्रों को विकास की मुख्यधारा से जोड़ने में मदद मिलेगी।
समारोह में कैबिनेट मंत्री खजान दास, भरत चौधरी, विधायक बृजभूषण गैरोला, पूर्व विधायक चंद्रा पंत, दायित्वधारी हेमराज बिष्ट, एलाइंस एयर के सीएमडी अमित कुमार, उकाडा के सीईओ डॉ. आशीष चौहान, एसीईओ संजय टोलिया आदि मौजूद रहे।



